Me & You - 35

जिसमे तेरी याद ना आए 
वो तन्हाई किस काम की...
दिन कुछ ऐसे गुज़ारता है कोई
जैसे एहसान उतारता है कोई..
आईना देख के तसल्ली हुई  
हम को इस घर में जानता है कोई..

If I don't miss you
then what's the use of being alone..
The day is spent somehow
As if I had some obligation to spend it,
But when I saw the mirror 
Was happy to see the familiar face..

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Me & You - 73

कधी जर मी बहकले, आणि चुकून तुझे नाव ओठी आले, तर फक्त एक स्मितहास्य कर, आणि नाकारून टाक मला पूर्णपणे ! तशीही मी कुणीच नाहीये नं..